ganna meaning

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1-  ganna meaning 

Hindi name - "ganna " गन्ना "meaning in english  ➨ " sugarcane  ganna means sugarcane


ganna ko english me kya kehte hain

ganna ko english me kya kehte hain ➤   sugarcane 

 Hindi name ( हिंदी में नाम) ➤ गन्ना 
 how to pronounce in Hindi  ➤ ganna
हिंदी में उच्चारण है  ➤   " gannna " 
अतः इस प्रकार  " ganna " का  अंग्रेजी भाषा में अर्थ  होगा  " sugarcane "  

 English name ( अंग्रेजी नाम ) ➤   " sugarcane " 
 How to pronounce in English ➤   " शुगर-केन "
 अंग्रेजी में उच्चारण होगा      ➤   " शुगर - केन "

sugarcane meaning in hindi  ➤   " गन्ना " 


sugarcane meaning in hindi



 गन्ना ➤   गन्ना उत्पादन की दृस्टि से  भारत का विश्व में दूसरा स्थान है ।  इस  सारणी में पहला स्थान  " ब्राजील " देश का है । ब्राजील  देश  का  " गन्ना  उत्पादन " करने वाले देशों में सर्वप्रथम स्थान आता है , जबकि हमारे देश का दूसरा स्थान आता है । 
गन्ना  उत्पादन करने वाले देशों में तीसरा स्थान " चीन " का आता है , वहीं  " पाकिस्तान " का  5 वां  " पांचवां " स्थान आता है ।
गन्ना  हमारे देश की  " नगदी फसलों " में गिनी जाती है ।  क्योकि  गन्ने से  शक़्कर  बनायी जाती है , साथ ही गुड़ और शराब भी बनायी जाती है । इसलिए  " गन्ना  " एक नगदी फसल है ।

गन्ना एक  " खरीफ " की फसल है ।

ganne ka juice in english  ➤    sugarcane juice

ganne ka juice in english


गन्ने के रस के फायदे  ➨ गन्ने का रस  हमारे शरीर के लिए अत्यंत लाभ दायक होता है I गर्मियों के दिनों में  हम गन्ने का रस पीकर बहुत ही तरो-ताज़ा महसूस करते है । जहां हम गन्ने का रस  पीकर तरो - ताज़ा महसूस करते है , वही दूसरी ओर गन्ना हमारे शरीर के लिए किसी औषधि से भी कम नहीं है । कियोकि गन्ने के रस के हमारे शरीर को अच्छा रखने के इतने फायदे है , जिनके बारे में हम कभी सोच भी नहीं सकते है । गन्ने के रस  के यही औसधिय गुण हमारे शरीर को भी बीमारियों से बचाने में सक्षम होते है और बचाते है ।  इसमें केल्सियम कोबाल्ट , पोटेसियम , विटामिन , फायबर तथा जिंक जैसे मिनरल पाए जाते है , जो कि हमारे शरीर के लिए बहुत ही फायदे मंद होते है ।  गन्ने का रस पीकर हमारे शरीर को तुरंत ऊर्जा मिल जाती है , कियोकि गन्ने के रस में " गलूकोज "  मात्रा भी पायी जाती है , जिससे कि  हमारे शरीर में तुरित रूप में ऊर्जा का संचार होता है । और हम ऊर्जावान महसूस करते है । गन्ना गर्मियों में हमारे शरीर का  " तापमान " को नियंत्रित करने में मदत करता है ।  गन्ने का रस पीने से जहां शरीर का तापमान नियंत्रित रहता है , वही दूसरी  ओर  गर्मी के  कारण जब हमारे हृदय की गति  अनियंत्रित होजाती है , तो गन्ना  हृदय गति को नियंत्रित करने में शरीर की मदत करता है ।
गन्ने के रस  का प्रयोग हम  गर्मी के दिनों में करते है । इसलिए गर्मी के दिनों में जब भी हमारे शरीर का तापमान , गर्मी के कारण बढ़ जाता है , तब उस समय " गन्ने का रस  " जहां हमारे शरीर का तापमान नियंत्रित करता है , वही शरीर को ठंडा बनाये रखता है । गर्मी के मौसम में  जब हमारे  शरीर को ' लपट " और  " गर्म हवा " लगने से , तबियत खराब हो जाए , तब भी गन्ने के रस से हमारे शरीर को बहुत ही फायदा पहुँचता है ।
साथ ही साथ  " गन्ने का रस  " हमारे शरीर को - " लपट " और  " हीट - स्ट्रोक " से भी बचाये रखने में हमारे शरीर की बहुत मदत करता है । लपट और हीट - स्ट्रोक गर्मियों के दिनों में बहुत भयंकर काल के रूप में हमारे सामने आते है ,इनसे बचने के लिए हमे भिन्न - भिन्न प्रकार के उपाय करना चाइये ।
गर्मियों के दिनों में हमे इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि  हम जब भी  दोपहर 12 बजे से  3 बजे के बीच घर से निकले तो इस बात का ध्यान रखे , कि  - घर से निकलने से पहले - पानी , या जूस अवश्य पिए । उसके बाद ही घर से निकले । साथ ही साथ - अपने मुँह और शरीर को कपडे से ढक्क्कर निकले । जिससे कि  गर्म हवा आपके शरीर में कानों  द्वारा प्रवेश ना करे , अथवा  शरीर  स्पर्श न करे ।
अतः  हमे इस प्रकार की विभिन्न छोटी - छोटी बातों  का विशेष ध्यान अवश्य रखना चाहिए , जिससे की हम हमारे शरीर को  भयावह गर्मी , लपट , और हीट स्ट्रोक से बचा पाए ।


नगदी फसल ➤ गन्ना हमारे देश की एक  " नगदी - फसल " है । अर्थात  " गन्ना  " ( sugarcane ) को हमारे देश में एक नगदी फसल के रूप में जाना जाता है । विश्व में गन्ने का उत्पादन करने में हमारे देश स्थान " दूसरा " है , यानी कि  हमारे देश में  " गन्ने " का उत्पादन बहुत ही अधिक मात्रा में होता है । जहां हम ये देखते है , कि  हमारे देश में गन्ने का उत्पादन बहुत अधिक मात्रा में होता है , वही दूसरी  ओर हम ये भी देखते है , कि  हमारे देश में  " गन्ना " के किसानों  को पिछले दिनों कुछ समस्याओं से सामना करना पड़ा है I  किसानो की ये समस्याएं  ' उत्पादन दृस्टि ' से कम  और " आर्थिक " दृस्टि से अधिक होती है । यदि हम " गन्ना " के किसानों की इन समस्याओं को दूर कर दे तो हमारा देश " गन्ना " के  उत्पादन में " ब्राजील " से भी पहले स्थान पर आने की संभवनंना रखता है , कियोकि हमारे देश में  " गन्ना  उत्पादन " से सम्बंधित सम्भवनाये बहुत है ।
यदि हमने इस ओर ठीक प्रकार से ध्यान दिया तो हमारे देश में गन्ने का उत्पादन बहुत बढ़ जाएगा । इससे जहां एक और किसानो को फायदा होगा , वही दूसरी और औद्योगिक फायदा भी होगा , जिससे हमारे देश की  " आर्थिक वृद्धि " होगी ।


लेखक की कलम से -   गन्ना हमारे देश की प्रमुख फसलों में से एक फसल है । भारत में गन्ने को एक प्रकार से  " नगदी फसल " के रूप में जाना जाता है । गन्ना एक  ' खरीफ " फसल है । आजकल   गन्ना किसानो को भिन्न प्रकार की समस्याओ से जूझना पद रहा है । इन सभी समस्याओ में मुख्य रूप से आर्थिक समस्याएं है । यदि हम इन समस्याओं को समाप्त करने का प्रयास करे , ये प्रयास चाहे किसी भी प्रकार का होसकता है - सरकारी अथवा सामाजिक । 
यदि हम इस दिशा में प्रयास करे तो हमारा देश  " गन्ने ' के उत्पादन में प्रथम स्थान में आने का सामर्थ्य रखता है ।






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