अमानक वर्ण

अमानक वर्ण  Hindi grammar questions for competitive exam part-5




1  शुद्ध वर्तनी    2 . अमानक वर्ण 

 (i)  -शुद्ध वर्तनी ➨ बर्तन की शुद्ध " वर्तनी " क्या है ?
बर्तन का शुद्ध वर्तनी ➨ "बर्तन " का शुद्ध वर्तनी   "बरतन "है ∣

  (ii) . अमानक वर्ण - हिंदी में बहुत से ऐसे वर्ण हुआ करते थे ,जो की वर्तमान समय में चलन में नहीं है ,अथवा हिंदी के मूल वर्णो में शामिल नहीं है।  इस प्रकार के  सभी वर्ण " अमानक वर्णो " की श्रेणी में  आते हैं Ι
 अर्थात वे   " वर्ण " जो पूर्व में तो मान्य रहे हो ,परन्तु वर्तमान वर्णमाला के दृस्टीकोण   से मान्य न  होते हो , अमानक वर्ण है ।
अमानक वर्ण क्या है ➨ ऐसे वर्ण जिनका कोई " मानक " न हो , तथा जो सर्वमान्य न हो " अमानक " वर्ण है , अथवा ऐसे वर्ण जिनका पहले तो मानक रहा हो परन्तु वर्तमान समय में उनका कोई " मानक " न  हो अमानक वर्ण कहलाते है ।

अमानक वर्ण किसे  कहते है ➨ जब कोई वर्ण वर्तमान परिपेक्ष्य  के मानकों  पर खरा नहीं उतरता अथवा वर्तमान में स्वीकार वर्णमाला में शामिल न  हो , अथवा पूर्व में स्वी…

Environment in Hindi




नमस्कार दोस्तों , ये - " ecology and environment " विषय का सातवाँ  आर्टिकल (Articleहै। इसमें    भी  पारिस्थितिकी एवं पर्यावरण   से सम्बंधित most important questions and Answer को सम्मलित किया  गया है। जिसके अंतरगर्त विभिन्न  पर्यावरणीय विषय ( Environmental Issues) जैसे कि -Climate Change ,Environmental Protection,Environmental Education,Environment Essay  आदि को एकसाथ शामिल किया गया है। जो कि आपके  "competitive Exams "  जैसे कि - CTET/MPTET/UPTET/RTET/PSC/UPSC/MPSC/SSC/RAILWAY/STATE EXAMS  के लिए  उपयोगी साबित  होगा। 

current Environmental Issues
current Environmental Issues


शरीर के लिए आवश्यक खनिज पदार्थ और उनके स्रोत 

प्रश्न -1 - हमारे शरीर के लिए " सोडियम " लेने के कौन - कौन से स्रोत है ?


उत्तर - मछली, मांस , अंडे , दूध , नमक  आदि। 

प्रश्न -2 - हमारा शरीर "कैल्शियम  " किन खाद्य पदार्थो द्वारा प्राप्त करता है , नाम बताइये ?


उत्तर - दूध , पनीर , अण्डे , हरी सब्जी , अनाज , चना , मछली द्धारा। 

प्रश्न -3 - " फास्फोरस " किन पदार्थो द्धारा प्राप्त होता है ?


उत्तर - दूध , पनीर , हरी - सब्जिया , बाजरा। 

प्रश्न 4 - " आयोडीन " प्राप्ति के क्या स्रोत है ?


उत्तर - आयोडीन नमक , समुद्री जीव , हरी - सब्जियां , मछली। 

प्रश्न -5 - " पोटैशियम " किन खाद पदार्थो में पाया जाता है ?


उत्तर - लगभग सभी खादय पदार्थो में। 

 Article on Environment
 Article on Environment 

प्रश्न - 6 -  हमारे शरीर को " मैग्नीशियम " कैसे प्राप्त होता है ?


उत्तर - सब्जियों द्वारा। 

प्रश्न -7 - " ताँबा " प्राप्ति के क्या स्रोत है ?


उत्तर - मछली , अनाज , मांस , यकृत आदि। 

प्रश्न -8 - " कोबाल्ट " प्राप्ति के क्या स्रोत है ?


उत्तर - मछली , जल , मांस। 

प्रश्न -9 - भारत में  " रबी " की फसल किस माह में  बोई जाती है ?


उत्तर - अक्टूबर से नवम्बर महीने में। 

प्रश्न - 10 - रबी की फसल की माह में काटी जाती है ?


उत्तर - मार्च से अप्रैल माह में। 

प्रश्न - 11 - भारत में बोई जाने वाली रबी की फसलों के नाम बताइये ?


About Environment
About Environment

उत्तर - गेंहूँ , जौ ,मटर , चना , सरसो , राई , आलू आदि। 

प्रश्न - 12 - खरीफ की फसल किस माह में बोई जाती है ?


उत्तर - जून - जुलाई में। 

प्रश्न - 13 - खरीफ की फसल किस माह में काट ली जाती है ?


उत्तर - सितम्बर से अक्टूबर माह में। 

प्रश्न - 14 - खरीफ की फसलों के नाम बताइये ?


उत्तर - धान , गन्ना , तिलहन , ज्वार , बाजरा , मक्का , अरहर आदि। 

प्रश्न - 15 - भारत में वायु परिवहन का राष्ट्रीयकरण कब किया गया था ?




उत्तर - सन - 1953 में। 

प्रश्न - 16 - " शक्कर " में क्या पाया जाता है , जिसका पाचन हमारा शरीर नहीं कर सकता है ?


उत्तर - " शुक्रोज "

प्रश्न - 17 - " चवर्णक दांतो " ( जो चाबने का कार्य करते है ) को सामान्य भाषा में हम क्या कहते है ?


उत्तर - अक्ल दाड़ । 

प्रश्न - 18 - मनुष्य को जब प्रथम बार हार्ट अटैक आता है , तो कितने प्रतिशत कोशिकाएं ख़त्म हो जाती है ?


उत्तर - 30 % प्रतिशत। 

प्रश्न -19 - अपेंडिक्स को हम हिंदी में क्या कहते है ?


उत्तर - " आंत्रपुच्छ "

प्रश्न - 20 - अपेंडिक्स का मुख्य कार्य क्या होता है ?


उत्तर - किलोरोफिल का पाचन। 

प्रश्न - 21 - " दम घोंटू गैस " किसे कहा जाता है ?


उत्तर - कार्बन मनोऑक्साइड को। 

प्रश्न -22 - नाइट्रोजन ऑक्साइड ( HO2)  से किस प्रकार की शारीरिक समस्या होती है ?


उत्तर - फेफड़ो के रोग , गले में समस्या , आदि। 

प्रश्न - 23 - नाइट्रोजन ऑक्साइड ( HO2)  वायुमंडल की नमी से प्रतिक्रिया करके कौन सा अम्ल निर्माण करती है ?


उत्तर - नाइट्रस अम्ल ( HNO3 )

Climate Change
Climate Change 

प्रश्न -24 - सल्फर ऑक्साइड से किस प्रकार की शारीरिक समस्या या बीमरिया होती है ?


उत्तर - गले - आँख - नाक में जलन होना , श्वास से सम्बंधित समस्या होना आदि। 

प्रश्न -25 - हमारे वायुमंडल में " क्लोरोफ्लोरो कार्बन " (CFC)  की अधिकता के मुख्य कारण क्या है ?


उत्तर - एयर कंडीशनर , रैफ्रिजरेटर , एवं इस प्रकार के विभिन्न यन्त्र। 

प्रश्न - 26 - " पराबैंगनी किरणों " से हमारे शरीर पर किस प्रकार के दुष्प्रभाव होते है ?


उत्तर - त्वचा कैंसर और मोतियाबिंद जैसे दुष्प्रभाव सामने आते है। 

प्रश्न -27 - " लाल किला " किस पत्थर का बना है ?


उत्तर - बलुआ पत्थर से। 

प्रश्न -28 - मुख्य रूप से वन कितने प्रकार के होते है , नाम बताइये ?


Environmental Protection
Environmental Protection


उत्तर - मुख्य रूप से वन - 14 - प्रकार के होते है।
1- उष्णकटिबंधीय आद्र सदाबहार वन।
2 - उष्णकटिबंधीय अर्द्ध आद्र सदाबहार वन।
3- उष्णकटिबंधीय नम पर्णपाती वन।
4- तटीय एवं ज्वारीय वन।
5 - उष्णकटिबंधीय शुष्क पर्णपाती वन ।
6-  उष्णकटिबंधीय कांटेदार वन।
7 - उष्णकटिबंधीय शुष्क सदाबहार वन।
8-उष्णकटिबंधीय  चौड़ी पत्ती युक्त पर्वत वन।
9- कोणधारी वन
10- शुष्क सदाबहार वन।
11- मांटेन आद्र समशीतोष्ण वन।
12- हिमालयी शुष्क समशीतोष्ण वन।
13 हिमालयी नम  समशीतोष्ण वन। 


Environment Essay
Environment Essay

14  उप - अल्पाइन एवं अल्पाइन वन। 

प्रश्न - 29 - वनों के कुल क्षेत्र में - " उप - अल्पाइन एवं अल्पाइन वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर -  2.55 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न - 30 - वनों के कुल क्षेत्र में - " हिमालयी नम  समशीतोष्ण वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर - 5.12 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न - 31 - वनों के कुल क्षेत्र में - " हिमालयी शुष्क समशीतोष्ण वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?

उत्तर - 0.84 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न - 32 - वनों के कुल क्षेत्र में - " मांटेन आद्र समशीतोष्ण वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर - 0.69 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न -33 - वनों के कुल क्षेत्र में - " शुष्क सदाबहार वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर -  0.03 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न -34 -वनों के कुल क्षेत्र में - " कोणधारी वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर -  2.7 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न - 35 - वनों के कुल क्षेत्र में - " उष्णकटिबंधीय  चौड़ी पत्ती युक्त पर्वत वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


 Environmental Education
 Environmental Education 



उत्तर - 2.69 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न -36 - वनों के कुल क्षेत्र में - " उष्णकटिबंधीय शुष्क सदाबहार वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर -  1.13 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न -37 - वनों के कुल क्षेत्र में - " उष्णकटिबंधीय कांटेदार वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर - 2.25 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न -38 - वनों के कुल क्षेत्र में - " उष्णकटिबंधीय शुष्क पर्णपाती वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर -  43.87 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न -39 - वनों के कुल क्षेत्र में - " तटीय एवं ज्वारीय वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर -  0.69 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न -40 - वनों के कुल क्षेत्र में - " उष्णकटिबंधीय नम पर्णपाती वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर -  20.73 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 



प्रश्न -41 - वनों के कुल क्षेत्र में - " उष्णकटिबंधीय अर्द्ध आद्र सदाबहार वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर - 13 .79 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

current Environmental Issues
current Environmental Issues


प्रश्न -42 - वनों के कुल क्षेत्र में - " उष्णकटिबंधीय आद्र सदाबहार वन " कितने प्रतिशत भाग पर स्थित है ?


उत्तर -  2.92 %  प्रतिशत भाग पर स्थित है। 

प्रश्न - 43 - " अत्यंत सघन वन " किसे कहते है ?


उत्तर - ऐसे वन जिसमे वातावरण का घनत्व - 70 %  प्रतिशत अथवा इससे भी ज्यादा हो। " अत्यंत सघन वन " कहलाते है। 

प्रश्न - 44 -  " सामान्य सघन वन " किसे कहते है ?


उत्तर - ऐसे वन जिसमे वातावरण का घनत्व - 40 से  70 %  प्रतिशत  हो। " सामान्य सघन वन " कहलाते है।

प्रश्न -45 -  " खुले  वन " किसे कहते है  ?


उत्तर - ऐसे वन जिसमे वातावरण का घनत्व - 10 से  40  %  प्रतिशत  के बीच में  हो। " खुले  वन " कहलाते है।

प्रश्न - 46 -  " झाडीदार   वन " किसे कहते है  ?


उत्तर - ऐसे वन जिसमे वातावरण का घनत्व - 10 %  प्रतिशत  से कम   हो। " झाडीदार वन " कहलाते है।

प्रश्न -47 - सयुक्त राष्ट्र महासभा ने किस वर्ष को " अंतर्राष्ट्रीय वन का वर्ष " घोषित किया ?


उत्तर - वर्ष - 2011 को। 

प्रश्न -48 - " भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण " किस स्थापना कब हुई ?


उत्तर - 13 फरवरी - 1890 को। 

प्रश्न - 49 -  " भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण " के संस्थापक कौन थे ?


उत्तर - " सर जॉर्जकिंग "

प्रश्न -50 -  " भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण " का मुख्यालय कहाँ स्थित है ?


उत्तर - कोलकाता। 


Topic on Environment
https://www.studysupport.in/


प्रश्न -51 -  " भारतीय वन  सर्वेक्षण " की स्थापना कब हुई ?


उत्तर - 1 जून 1981 को। 

प्रश्न -52 -  " भारतीय वन सर्वेक्षण " का मुख्यालय कहाँ स्थित है ?


उत्तर - देहरादून। 

प्रश्न -53 -  " भारतीय वन सर्वेक्षण " किस मंत्रालय के अधीन आता है ?


उत्तर - पर्यावरण मंत्रालय , भारत सरकार। 

प्रश्न -54 -  " भारतीय वन  सर्वेक्षण " द्वारा प्रकाशित - रिपोर्ट का क्या नाम है ?


उत्तर - स्टेट ऑफ़ फारेस्ट रिपोर्ट। 

प्रश्न - 55 - " भारतीय वन  सर्वेक्षण " द्वारा प्रकाशित - स्टेट ऑफ़ फारेस्ट रिपोर्ट का प्रथम प्रकाशन कब किया गया था ?


उत्तर - सन -1987  में। 

प्रश्न- 57  - जल प्रदूषण 1974 के अधिनियम पर अपने विचार प्रकट करें ?



Environment Quiz Questions and answers in Hindi
Environment Quiz Questions and answers in Hindi


उत्तर -  जल - प्रदूषण संपूर्ण विश्व में एक बड़ी समस्या बन चुका है । जिनमे कुएं , नलकूप , तालाब , झीले , सागर , महासागर आदि वे सभी जल स्रोत जो कि भूमि के अंदर है अथवा बाहर है ,प्रदूषित हो रहे है । इन सभी जल स्रोत के प्रदूषित होने के कई प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष कारण है ।

प्रदूषण की इन्ही सभी समस्याओं को मध्येनजर रखते हुए , इसके लिए एक अधिनियम बनाया गया था । जिसका नाम जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण अधिनियम 1974 है ।

जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण अधिनियम 1974 -    जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण अधिनियम 1974 में कुल 8 अध्याय एवं 64 धराये है । इस अधिनियम का उद्देश्य प्रमुख रूप से जल प्रदूषण को रोकना है अथवा उसको नियंत्रित करना है ।

भारत के वे राज्य जहां  अधिनियम को सर्वप्रथम लागू किया गया था , वे इस प्रकार है ।
असम , बिहार , गुजरात , हरियाणा , हिमाचल प्रदेश ,जम्मू - कश्मीर , केरल , मध्य - प्रदेश , राजस्थान , त्रिपुरा , पश्चिम बंगाल आदि सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में इस अधिनियम को लागू किया गया ।

जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण अधिनियम 1974 के उद्देश्य -   जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण अधिनियम 1974 के निम्नलिखित उद्देश्य है ।

(1) जल - प्रदूषण को नियंत्रण करना

(2 ) जल - प्रदूषण का निवारण या जल प्रदूषण से कैसे निपटा जाए इस ओर कदम बढ़ाना ।

(3) जल को गुणवत्ता के साथ किस प्रकार रखा जा सकता है ।

(4) जल को पूर्वावस्था में किस प्रकार से लाया जा सकता है ।

जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण अधिनियम 1974 के तहत जल को प्रदूषित करना दंडनीय है । इस अधिनियम के द्वारा केंद्र और राज्य स्तर पर एक प्रशासनिक तंत्र की स्थापना होती है ,जिसे " जल - प्रदूषण बोर्ड " कहते है ।

(ii) जल अधिनियम संसोधन ( 1988)  -  इसके तहत " जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण अधिनियम 1974 " में  सन 1988 में एक संसोधन किया गया ,  जिसमे इस अधिनियम में जो शक्तियां  केंद्र और राज्यों को मिली थी , उनको और भी अधिक विस्तृत किया गया । साथ ही इसमें विशेष रूप से नागरिक मुकदमे का भी प्रावधान किया गया ।

environment in hindi for upsc
https://www.studysupport.in/

(iii) जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण उपकर संसोधन बिल 1991 -  जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण उपकार संसोधन बिल 1991 द्वारा जल पर " उपकर " की व्यवस्था की गयी । इसमें जल का व्यावसायिक प्रयोग जैसे की - उधोगो में , तथा - घरेलु प्रयोग पर " उपकर " की व्यवस्था की गयी ।इस अधिनियम के तहत - ( इस अधिनियम का उलंघन करने पर ) 3 महीने का कारावास अथवा 10000( दस हजार ) रूपए का आर्थिक दंड अथवा दोनों का प्रावधान है ।

प्रश्न 2 - बाढ़ को नियंत्रण करने हेतु उपाय बतातिये ?

उत्तर 2 - अत्यधिक बारिश अथवा जल का सही प्रबंधन न होने से हमे बाढ़ जैसे संकट से जूझना पड़ता है ।हमारे देश  में बाढ़ का संकट एक बहुत बड़े संकट के रूप में उभर रहा है , जिससे नियंत्रण कर पाना असंभव सा प्रतीत होने लगा है । बाढ़ हेतु हम अब तक कोई ठोस उपाय  ढूढ़ने में नाकाम रहे है ।

हमारे देश में  ये संकट बढ़ता ही जा रहा है , इसे  समय रहते न रोका गया या इसके लिए कोई ठोस कदम न उठाये गए तो इसी प्रकार जन- धन की हानि होती रहेगी , जैसे की हो रही है I
परन्तु प्रश्न यह उठता है  कि इस भयावह प्राकृतिक आपदा से हम कैसे निपटे । हमारे देश में जहां एक हिस्सा पानी के संकट से झूझ रहा है , वही दूसरी और भयावह बाढ़ बारम्बार आने से जन - धन की हानि हो रही है ।
बाढ़ के संकट से उभरने के लिए हम निम्नलिखित उपाय कर सकते है , जो कि इस प्रकार है। 

(1) वृक्षारोपण - वृक्ष मृदा को बांधे रखते है , तथा उनके अपरदन में कमी लाते है । अतः हमे बाढ़ वाले इलाको में अधिक से अधिक वृक्ष लगाना चाहिए । जिससे की भूमि का अपरदन और कटाव न हो । साथ ही वृक्ष भूमिगत जल को भी बढ़ाने में सहायक होते है ।

(ii )  बाँध निर्माण करना  -   बांधो के निर्माण से नदियों में जल का स्तर उच्च नहीं होता अथवा उच्च होने में कमी आती है । कियोकि जब भी जल का स्तर अधिक बढ़ जाता है , तो बांधो द्वारा उस बढे हुए स्तर को नियन्त्रित किया जाता है , जिसमे पानी को एक बढे हुए स्तर से कम स्तर की ओर मोड़ने का कार्य किया जाता है । जिससे की बढ़ा हुआ  पानी नियत्रित हो जाता है और बाढ़ में कमी आती है ।
अतः  हम बाँध बनाकर बहुत हद तक बाढ़ को नियंत्रित कर सकते है ।

(iii) जलशयों में स्वछता  -    हमे सभी जलशयों नदियों , तालाब , को स्वछता से रखना चाहिए । समय - समय पर उनकी सफाई करनी चाहिए , एवं उनके धारणीय क्षमता को मापना चाहिए । कियोकि यदि धारणीय क्षमता काम हो रही है , तो उससे समय - समय पर अधिक करने अथवा बढ़ाने  का प्रयास करना चाहिए ।

दोस्तों , ये - " ecology and environment " विषय का सातवाँ  आर्टिकल (Articleहै। इसमें    भी  पारिस्थितिकी एवं पर्यावरण   से सम्बंधित most important questions and Answer को सम्मलित किया  गया है। जिसके अंतरगर्त विभिन्न  पर्यावरणीय विषय ( Environmental Issues) जैसे कि -Climate Change ,Environmental Protection,Environmental Education,Environment Essay  आदि को एकसाथ शामिल किया गया है। जो कि आपके  "competitive Exams "  जैसे कि - CTET/MPTET/UPTET/RTET/PSC/UPSC/MPSC/SSC/RAILWAY/STATE EXAMS  के लिए  उपयोगी साबित  होगा। यदि आपको ये आर्टिकल अच्छा लगा तो इसके आगे के भागो के लिए नीचे दी गयी लिंक्स पर क्लिक करें। धन्यवाद 

paristhitiki evam paryavaran
https://www.studysupport.in/
paristhitiki evam paryavaran
https://www.studysupport.in/
paristhitiki evam paryavaran
https://www.studysupport.in/

(iv) निकासी की सही व्यवस्था  -    बाढ़ को नियंत्रित करने के लिए हमे विभिन्न प्रकार के जलशयों में निकासी की व्यवस्था करनी चाहिए । यदि हम जल निकास के विभिन्न मार्ग तैयार करते है , तो इससे जहां बाँध और नदी का जल स्तर बढ़ने में कमी आएगी वही दूसरी और जल का उपयोग भी किया जा सकेगा ।
जल निकासी की व्यवस्था यदि हम सही बनाते है , तो इससे बाढ़ पर बहुत हद  तक  नियंत्रण किया जा सकेगा ।

लेखक की कलम से -   भारतीय परिपेक्ष्य में बाढ़ एक भयावह रूप ले चुकी है , जिससे लगभग हर बारिश के मौसम में हमे इससे जूझना पड़ता है । और हर बार मन में ये सवाल उड़ता है कि आखिर कब तक ये रुकेगा ।
दोस्तों बाढ़ एक प्राकृतिक आपदा है , जिसके लिए किसी भी सरकार को दोष देना ठीक नहीं होगा । अतः हमे सर्वप्रथमं सरकार को बात -बात पर दोष देने वाली मानसिकता से बाहर आना होगा । कियोकि सरकार समाज का ही एक हिस्सा है ,वे सभी जन - प्रतिनिधि जिन्हें हमने चुनकर भेजा है , वे हमारे ही बीच के लोग है ।
इसलिए हमे दोष लगाने वाली मानसिकता से निकलकर उपाय सुझाने वाली और कार्य करने वाली मानसिकता में आना होगा । उदाहरण के लिए -
यदि समाज तय कर ले कि - प्लास्टिक का प्रयोग नहीं करेंगे , तो क्या कोई कंपनी ऐसा प्रोडक्ट बनाना पसंद करेगी , जिसमे प्लास्टिक का इस्तेमाल हो, मेरे विचार से नहीं ।

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

अमानक वर्ण

बाल विकास को प्रभावित करने वाले कारक pdf

sanskrit varnamala mock test